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शाहजाद का बड़ा बयान: लिटन दास को बताया बेहद भाग्यशाली

Liam Mehta · · 1 min read

दूसरे टेस्ट में पाकिस्तान की स्थिति पर खुर्रम शाहजाद का विश्लेषण

दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन के खेल के बाद, पाकिस्तानी तेज गेंदबाज खुर्रम शाहजाद ने टीम की स्थिति पर संतोष व्यक्त किया है। हालांकि पाकिस्तान ने दिन के अंतिम सत्र में बांग्लादेश के निचले क्रम के बल्लेबाजों को वापसी करने का मौका दिया, लेकिन शाहजाद का मानना है कि टीम अभी भी बेहतर स्थिति में है। उन्होंने सिलहट की पिच की तारीफ करते हुए इसे ढाका से काफी बेहतर करार दिया है।

पिच का मिजाज और लक्ष्य

दिन का खेल समाप्त होने के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में शाहजाद ने कहा, ‘हमने उन्हें 300 रन के अंदर आउट कर दिया और यह पिच ढाका की तुलना में बहुत अलग है। मुझे लगता है कि यह बल्लेबाजी के लिए काफी अच्छी बनी रहेगी। ढाका में दरारें और असमान उछाल था, जबकि यहाँ ऐसी स्थिति नहीं है। हमारा लक्ष्य अब पहली पारी में 400 से 450 रन बनाने का है।’

लिटन दास की किस्मत और डीआरएस का मसला

मैच का सबसे चर्चित पल तब आया जब लिटन दास 52 रन पर बल्लेबाजी कर रहे थे। शाहजाद की एक बाउंसर पर गेंद उनके दस्तानों को छूकर मोहम्मद रिजवान के पास गई। पाकिस्तानी टीम ने अपील की, लेकिन अंततः डीआरएस नहीं लेने का निर्णय लिया। अल्ट्राएज ने बाद में स्पष्ट किया कि गेंद दस्तानों से टकराई थी। इस जीवनदान का लाभ उठाते हुए लिटन दास ने 74 और रन जोड़े और शतक पूरा किया।

शाहजाद ने इस घटना पर टिप्पणी करते हुए कहा, ‘लिटन दास बेहद भाग्यशाली रहे। हम रिव्यू न लेने के कारण दुर्भाग्यशाली रहे। यदि हम उन्हें उस समय आउट कर देते, तो मैच का परिणाम पूरी तरह से अलग होता। यह खेल का हिस्सा है, कभी-कभी आप लय खो देते हैं और निचले क्रम को आउट नहीं कर पाते। यदि वह उस समय आउट हो गए होते, तो मुझे यकीन है कि हम उन्हें 200 रन के अंदर समेट देते।’

गेंदबाजी आक्रमण और रणनीतियों पर सफाई

पाकिस्तान के आक्रमण में शिथिलता के आरोपों को खारिज करते हुए, शाहजाद ने स्पष्ट किया कि टीम ने लगातार हमले जारी रखे थे। उन्होंने कहा, ‘हमने उन्हें कई बाउंसर डाले। मेरी गेंदबाजी पर दो मौके बने थे, जिसमें वह छूट जिसे हमने रिव्यू नहीं किया और स्क्वायर लेग पर छूटा हुआ कैच शामिल है। हमने आक्रमण किया, लेकिन जब आप आक्रामक गेंदबाजी करते हैं, तो रन भी बनते हैं। फील्ड सेटिंग पूरी तरह से मैच की स्थिति के अनुसार थी।’

मैच की समीक्षा और भविष्य की संभावनाएं

बांग्लादेश का निचला क्रम, विशेष रूप से लिटन दास का प्रदर्शन पाकिस्तान के लिए चिंता का विषय बना है। लिटन ने साबित किया है कि उनमें मुश्किल परिस्थितियों से टीम को बाहर निकालने की अद्भुत क्षमता है। यह पारी रावलपिंडी की उस 138 रनों की पारी की याद दिलाती है, जिसने मैच का पासा पलट दिया था।

पाकिस्तान अब अपनी बल्लेबाजी पर ध्यान केंद्रित करेगा। टीम प्रबंधन का मानना है कि यदि उनके बल्लेबाज पिच पर धैर्य के साथ टिके रहे, तो वे निश्चित रूप से एक बड़ा स्कोर खड़ा कर सकते हैं। खुर्रम शाहजाद के चार विकेटों ने यह साबित कर दिया है कि उनकी गेंदबाजी लय में है, लेकिन टीम को भविष्य में डीआरएस जैसे फैसलों और मौके भुनाने पर अधिक ध्यान देना होगा।

सिलहट टेस्ट का पहला दिन रोमांचक रहा है और यह देखना दिलचस्प होगा कि दूसरे दिन पाकिस्तान की टीम किस तरह से बांग्लादेश के 278 रनों के जवाब में अपनी बल्लेबाजी की शुरुआत करती है। क्या वे 400 का आंकड़ा पार कर पाएंगे? यह आने वाले दिनों का सबसे बड़ा सवाल होगा।

Liam Mehta

Liam Mehta is the cricket correspondent for The Guardian, covering England’s men’s and women’s teams, the County Championship, and the global game with a special focus on South Asian cricket. Born in Leicester to a Punjabi father and a Welsh mother, Liam grew up straddling two cricketing cultures — the buzz of India‑Pakistan clashes at his local club and the village‑green rhythms of county weekends. After reading English at Oxford, he trained as a journalist at City, University of London, and began his career at Wisden, where his archival pieces on the late‑1970s Indian tours of England garnered wide praise. Today he writes match reports, long‑form features on diaspora identity, and columns that challenge cricket’s establishment. He is also the host of The Reverse Sweep, a Guardian podcast on cricket, culture, and the subcontinent’s hold on the summer game.